पांकी के तरवाडीह में दिवंगत आर.एन. सिंह की प्रतिमा का अनावरण, श्रद्धांजलि सभा में उमड़ी भीड़

​पांकी के तरवाडीह में वरिष्ठ भाकपा माले नेता दिवंगत आर. एन. सिंह की प्रतिमा का अनावरण, श्रद्धांजलि सभा में उमड़ा जनसैलाब

​पांकी
सामाजिक न्याय, समतावादी समाज और वंचित-शोषित वर्ग के अधिकारों के लिए जीवनभर संघर्ष करने वाले भाकपा (माले) के वरिष्ठ नेता दिवंगत कॉमरेड आर. एन. सिंह की स्मृति में पांकी के तरवाडीह में भव्य श्रद्धांजलि समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर उनकी प्रतिमा का गरिमामय अनावरण किया गया।
​कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भाकपा (माले) के राष्ट्रीय महासचिव कॉमरेड दीपांकर भट्टाचार्य तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में सिंदरी विधानसभा के विधायक कॉमरेड चंद्रदेव महतो समेत झारखंड प्रदेश और पलामू जिले के कई वरिष्ठ नेता, कार्यकर्ता एवं भारी संख्या में स्थानीय ग्रामीण शामिल हुए।
​श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए भाकपा (माले) महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य ने कहा की कॉमरेड आर. एन. सिंह सामाजिक न्याय और समतावादी समाज के अनथक योद्धा थे। वर्तमान समय में जब शिक्षा, रोजगार, महंगाई, भ्रष्टाचार और लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमले हो रहे हैं, ऐसे दौर में कॉमरेड आर. एन. सिंह का हमारे बीच से जाना एक अपूरणीय क्षति है। वे अंतिम समय तक जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में JPSC व JSSC धांधली के खिलाफ छात्रों-युवाओं के आंदोलन में रात-दिन डटे रहे। उनके संकल्पों और विचारों को आगे बढ़ाना ही उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
एक साधारण किसान परिवार में जन्मे आर. एन. सिंह ने 12वीं की पढ़ाई के बाद सामंती जुल्म और जमींदारी प्रथा के खिलाफ पलामू में उभरे जन-आंदोलनों और नक्सलबाड़ी/IPF (भाकपा माले) के संघर्ष को अपनी कर्मभूमि चुना।
अपने क्रांतिकारी जीवन की शुरुआत में ही उन्होंने अपने साथी कॉमरेड महेश्वर की जान बचाने के लिए अपनी एक किडनी दान कर दी थी। यह उनके निस्वार्थ समर्पण और साथी के प्रति अटूट विश्वास की अनूठी मिसाल है।
​सांप्रदायिक सौहार्द के लिए चट्टान की तरह खड़े रहे:
13 फरवरी 2023 को जब पांकी चौक पर सांप्रदायिक तनाव और हिंसा का माहौल बना, तब गंभीर रूप से बीमार होने के बावजूद वे स्वयं पांकी चौक पहुँचे और असामाजिक ताकतों के मंसूबों को नाकाम कर शांति व हिंदू-मुस्लिम भाईचारा बहाल करने में अग्रणी भूमिका निभाई।
शोषितों के हक की लड़ाई लड़ते हुए उन्होंने दर्जनों बार जेल की सजा काटी, पुलिसिया प्रताड़ना और झूठे मुकदमों का सामना किया, लेकिन कभी अपने सिद्धांतों से पीछे नहीं हटे।
वर्ष 2022 से दूसरी किडनी खराब होने के कारण वे निरंतर डायलिसिस पर थे। इसके बावजूद वे रांची पार्टी कार्यालय में रहकर जंतर-मंतर, अल्बर्ट एक्का चौक और जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में लगातार छात्र-युवा आंदोलनों का नेतृत्व करते रहे। 10 अगस्त को छात्र आंदोलन से देर रात लौटने के दौरान उनकी तबीयत बिगड़ी और अस्पताल ले जाते समय उनका निधन हो गया।
​कार्यक्रम में दिवंगत नेता आर्यन सिंह की पुत्रवधू खुशबू कुमारी (जिला परिषद सदस्य), माले नेता बीएन सिंह सहित अन्य वक्ताओं ने कॉमरेड आर. एन. सिंह के बताए रास्ते पर चलने और समतावादी समाज के निर्माण का संकल्प दोहराया।
श्रद्धांजलि कार्यक्रम में विधायक कुशवाहा डॉक्टर शशी भूषण मेहता, प्रखंड प्रमुख पंचम प्रसाद, भाजपा नेत्री लवली गुप्ता, समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष रंजन यादव, उप प्रमुख अमित कुमार चौहान, मुखिया हफीजुल अंसारी ,रफीक अंसारी, नेहाल अंसारी, उप मुखिया अनारीक राम, भाजपा नेता श्याम नंदन ओझा, सहित सैकड़ो लोग उपस्थित थे।