पांकी के नवडीहा ​पंचायत में विकास कार्यों में धांधली का आरोप,ग्रामीणों ने उपायुक्त से की जांच की मांग

पांकी के नवडीहा ​पंचायत में विकास कार्यों में धांधली का आरोप,ग्रामीणों ने उपायुक्त से की जांच की मांग

​पांकी प्रखंड के नवडीहा पंचायत में 14वें और 15वें वित्त आयोग की राशि के उपयोग में भारी अनियमितता का मामला सामने आया है। ग्रामीणों ने इस संबंध में उपायुक्त को आवेदन सौंपकर उच्च स्तरीय जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीणों ने अपने आवेदन में आरोप लगाया है कि पंचायत में 14वें और 15वें वित्त आयोग की राशि से होने वाले कार्यों में जमकर बंदरबांट की गई है। मुख्य रूप से पी.सी.सी. सड़क निर्माण, जलमीनार मरम्मत और नाली निर्माण एवं सफाई के नाम पर लाखों रुपये की निकासी कर ली गई, लेकिन धरातल पर न तो मानक के अनुसार निर्माण कार्य हुआ और न ही जलमीनार की मरम्मत कराई गई।
आवेदन के अनुसार, वर्ष 2022 से 2026 तक पंचायत में कराए गए विभिन्न विकास कार्यों में बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितता बरती गई है। ग्रामीणों का कहना है कि कागजों पर कार्य पूर्ण दिखाकर सरकारी राशि का गबन किया गया है, जबकि वास्तविक स्थिति बिल्कुल विपरीत है। उन्होंने इस पूरे मामले को पंचायत में व्याप्त भ्रष्टाचार से जोड़ते हुए इसकी निष्पक्ष जांच की मांग की है।ग्रामीणों ने उपायुक्त से आग्रह किया है कि वर्ष 2022 से 2026 तक 14वें और 15वें वित्त आयोग के तहत पंचायत में हुए सभी कार्यों की भौतिक जांच कराई जाए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही जांच कर दोषियों पर कानूनी कार्रवाई नहीं की गई, तो वे आंदोलन करने को बाध्य होंगे।
मौके पर मौजूद वार्ड सदस्य मोहम्मद नौशाद आलम ,अनोज पासवान, राजकुमार भुईंया, उपेंद्र राम रविंद्र प्रसाद सुनील ठाकुर इरशाद आलम सहित दर्जनों ग्रामीणों ने बताया कि गुरुवार को पंचायत सचिवालय में मुखिया एवं पंचायत समिति सदस्य से विकास कार्यों पर विशेष चर्चा हुई एवं 14 15 वें वित्त की सभी योजनाओं में खर्च की गई राशि की जानकारी मांगी गई लेकिन उन्हें इस संबंध में किसी तरह की स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई।