यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, गिरिडीह शाखा द्वारा खाताधारकों की मेहनत की गाढ़ी कमाई को मनमाने ढंग से फ्रीज कर दिए जाने के विरोध में किसान जनता पार्टी ने मंगलवार को झंडा मैदान, गिरिडीह में धरना दिया।

धरना को संबोधित करते हुए किसान जनता पार्टी के केन्द्रीय कमिटी अध्यक्ष सह अधिवक्ता अवधेश कुमार सिंह ने कहा कि यूनियन बैंक, गिरिडीह शाखा में प्रतिदिन बड़ी संख्या में ऐसे पीड़ित खाताधारक पहुंच रहे हैं जो अपने खातों में जमा राशि की निकासी हेतु वर्षों से चक्कर काट रहे हैं। बैंक अधिकारी हर बार एक ही बात दोहराते हैं कि – “आपके खाते में किसी ने साइबर क्राइम का पैसा भेज दिया होगा, इसी कारण ऊपर से खाता फ्रीज कर दिया गया है। कॉल सेंटर से संपर्क करिए और एक सप्ताह बाद आइए।” लेकिन जब खाताधारक एक सप्ताह बाद लौटते हैं तो फिर वही बात दोहराई जाती है।

अधिवक्ता अवधेश कुमार सिंह ने कहा कि बैंक अधिकारी न तो यह बताते हैं कि किसने पैसा भेजा, कब भेजा और कितना भेजा, और न ही यह स्पष्ट करते हैं कि खाताधारक स्वयं किसी अज्ञात व्यक्ति को अपने खाते में पैसा भेजने से कैसे रोक सकता है। उन्होंने कहा – “मैं स्वयं भी उक्त बैंक का एक पीड़ित खाताधारक हूं और अपने बचत खाता संख्या 300602010812518 से पिछले 15 महीनों से राशि की निकासी हेतु बैंक का चक्कर काट रहा हूं।”

धरना में पार्टी के संयोजक दासो मुर्मू ने कहा कि जिस प्रकार सहारा इंडिया ने लाखों लोगों का पैसा जमा लेकर अपना कार्यालय बंद कर दिया, उसी तरह यूनियन बैंक ऑफ इंडिया की कार्यशैली भी लोगों के बीच गहरी शंका उत्पन्न कर रही है। यह स्थिति आम जनता की गाढ़ी कमाई को खतरे में डाल सकती है।

धरना के माध्यम से किसान जनता पार्टी ने सरकार से निम्नलिखित मांगें रखीं –

सरकार तत्काल बैंक को आदेश दे कि जिन खातों को बिना पर्याप्त कारण फ्रीज किया गया है, उन्हें तुरंत चालू किया जाए।

सभी बैंकों को अपने-अपने शाखा कार्यालय के बाहर स्पष्ट बोर्ड लगाना चाहिए कि – “बैंक बिना किसी उचित कारण के आपके खाते की पूरी राशि अनिश्चितकाल के लिए फ्रीज कर सकता है” ताकि जनता सोच-समझकर बैंक में पैसा जमा करे।

पीड़ित खाताधारकों का अविलंब भुगतान कराया जाए।

जिन बैंकों का इरादा ग्राहकों की राशि गबन करने का है, उनकी अनुज्ञप्ति (लाइसेंस) सरकार तत्काल रद्द करे।

किसान जनता पार्टी ने चेतावनी दी कि यदि सरकार और बैंक प्रशासन ने निर्दोष खाताधारकों की समस्याओं का समाधान शीघ्र नहीं किया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। धरना में जहाँगीर अंसारी, जोशील मरांडी, बसिया टुडू, बड़की किस्कू, घनश्याम पंडित, महादेव विश्वकर्मा, मालती देवी, अफसर खान, नबी अंसारी, थाम्मी मंडल, टिप्पण ठाकुर, संझली हेम्ब्रोम, संतोष बास्के, सबीना हेम्ब्रोम, धनेश्वर मरांडी, जागेश्वर ठाकुर, मानुएल हांसदा, भरत गोप, ममता कुमारी सहित सैकड़ो किसान उपस्थित रहें |

यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, गिरिडीह शाखा द्वारा खाताधारकों की मेहनत की गाढ़ी कमाई को मनमाने ढंग से फ्रीज कर दिए जाने के विरोध में किसान जनता पार्टी ने मंगलवार को झंडा मैदान, गिरिडीह में धरना दिया।

धरना को संबोधित करते हुए किसान जनता पार्टी के केन्द्रीय कमिटी अध्यक्ष सह अधिवक्ता अवधेश कुमार सिंह ने कहा कि यूनियन बैंक, गिरिडीह शाखा में प्रतिदिन बड़ी संख्या में ऐसे पीड़ित खाताधारक पहुंच रहे हैं जो अपने खातों में जमा राशि की निकासी हेतु वर्षों से चक्कर काट रहे हैं। बैंक अधिकारी हर बार एक ही बात दोहराते हैं कि – “आपके खाते में किसी ने साइबर क्राइम का पैसा भेज दिया होगा, इसी कारण ऊपर से खाता फ्रीज कर दिया गया है। कॉल सेंटर से संपर्क करिए और एक सप्ताह बाद आइए।” लेकिन जब खाताधारक एक सप्ताह बाद लौटते हैं तो फिर वही बात दोहराई जाती है।

अधिवक्ता अवधेश कुमार सिंह ने कहा कि बैंक अधिकारी न तो यह बताते हैं कि किसने पैसा भेजा, कब भेजा और कितना भेजा, और न ही यह स्पष्ट करते हैं कि खाताधारक स्वयं किसी अज्ञात व्यक्ति को अपने खाते में पैसा भेजने से कैसे रोक सकता है। उन्होंने कहा – “मैं स्वयं भी उक्त बैंक का एक पीड़ित खाताधारक हूं और अपने बचत खाता संख्या 300602010812518 से पिछले 15 महीनों से राशि की निकासी हेतु बैंक का चक्कर काट रहा हूं।”

धरना में पार्टी के संयोजक दासो मुर्मू ने कहा कि जिस प्रकार सहारा इंडिया ने लाखों लोगों का पैसा जमा लेकर अपना कार्यालय बंद कर दिया, उसी तरह यूनियन बैंक ऑफ इंडिया की कार्यशैली भी लोगों के बीच गहरी शंका उत्पन्न कर रही है। यह स्थिति आम जनता की गाढ़ी कमाई को खतरे में डाल सकती है।

धरना के माध्यम से किसान जनता पार्टी ने सरकार से निम्नलिखित मांगें रखीं –

सरकार तत्काल बैंक को आदेश दे कि जिन खातों को बिना पर्याप्त कारण फ्रीज किया गया है, उन्हें तुरंत चालू किया जाए।

सभी बैंकों को अपने-अपने शाखा कार्यालय के बाहर स्पष्ट बोर्ड लगाना चाहिए कि – “बैंक बिना किसी उचित कारण के आपके खाते की पूरी राशि अनिश्चितकाल के लिए फ्रीज कर सकता है” ताकि जनता सोच-समझकर बैंक में पैसा जमा करे।

पीड़ित खाताधारकों का अविलंब भुगतान कराया जाए।

जिन बैंकों का इरादा ग्राहकों की राशि गबन करने का है, उनकी अनुज्ञप्ति (लाइसेंस) सरकार तत्काल रद्द करे।

किसान जनता पार्टी ने चेतावनी दी कि यदि सरकार और बैंक प्रशासन ने निर्दोष खाताधारकों की समस्याओं का समाधान शीघ्र नहीं किया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। धरना में जहाँगीर अंसारी, जोशील मरांडी, बसिया टुडू, बड़की किस्कू, घनश्याम पंडित, महादेव विश्वकर्मा, मालती देवी, अफसर खान, नबी अंसारी, थाम्मी मंडल, टिप्पण ठाकुर, संझली हेम्ब्रोम, संतोष बास्के, सबीना हेम्ब्रोम, धनेश्वर मरांडी, जागेश्वर ठाकुर, मानुएल हांसदा, भरत गोप, ममता कुमारी सहित सैकड़ो किसान उपस्थित रहें |