सतबरवा में आशीष कुमार सिंहा और सुधा कुमारी ने मनाया रक्षाबंधन, बहनों की सुरक्षा-सम्मान का लिया संकल्प
पलामूः सतबरवा में समाजसेवी आशीष कुमार सिंहा व जिला परिषद सदस्य सुधा कुमारी ने मनाया रक्षाबंधन, बहनों की सुरक्षा-सम्मान का लिया संकल्प*
सतबरवा (पलामू)। रक्षाबंधन के पावन अवसर पर सतबरवा के चर्चित समाजसेवी आशीष कुमार सिंहा और सतबरवा जिला परिषद सदस्य सुधा कुमारी ने भाई-बहन के अटूट प्रेम, स्नेह और विश्वास का प्रतीक यह त्योहार हर्षोल्लास के साथ मनाया।
कार्यक्रम में पारंपरिक उल्लास और आत्मीयता का माहौल देखने को मिला। जिला परिषद सदस्य सुधा कुमारी ने अपने भाई आशीष कुमार सिंहा को तिलक लगाकर राखी बांधी और भाई के प्रति अपने स्नेह का इजहार किया। आशीष कुमार सिंहा ने बहन का आशीर्वाद लेते हुए राखी बंधवाई, उन्हें उपहार दिए और जीवन के हर सुख-दुख में उनके साथ खड़े रहने का संकल्प दोहराया।
इस अवसर पर सुधा कुमारी ने कहा कि रक्षाबंधन केवल राखी बांधने का पर्व नहीं, बल्कि भाई-बहन के बीच प्रेम, विश्वास, सम्मान और जिम्मेदारी के रिश्ते को मजबूत करने का अवसर है। भारतीय संस्कृति में बहन की राखी भाई को उसकी जिम्मेदारियों का एहसास कराती है और भाई अपनी बहन की सुरक्षा, सम्मान एवं खुशियों के लिए सदैव साथ खड़े रहने का संकल्प लेता है। उन्होंने कहा कि समाज की वास्तविक मजबूती तभी संभव है, जब महिलाओं और बेटियों को सुरक्षित, सम्मानजनक और आत्मनिर्भर वातावरण मिले। रक्षाबंधन के इस पावन अवसर पर हमें संकल्प लेना चाहिए कि बेटियों और महिलाओं के सम्मान एवं अधिकारों की रक्षा के लिए समाज का हर व्यक्ति अपनी जिम्मेदारी निभाए।
आशीष कुमार सिंहा ने कहा कि रक्षाबंधन भारतीय संस्कृति का ऐसा पर्व है, जो रिश्तों की मजबूती और आपसी विश्वास का संदेश देता है। बहनों द्वारा बांधी गई राखी सिर्फ एक धागा नहीं, बल्कि प्रेम, विश्वास और जिम्मेदारी का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि वे हमेशा अपनी बहनों के सुख-दुख में उनके साथ खड़े रहेंगे और समाज में महिलाओं के सम्मान एवं सुरक्षा के लिए निरंतर प्रयास करते रहेंगे। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि आज के दौर में रक्षाबंधन के संदेश को परिवार से आगे समाज तक ले जाने की आवश्यकता है। हर महिला को सम्मान, हर बेटी को सुरक्षित वातावरण और हर परिवार को खुशहाल बनाने की दिशा में सामूहिक प्रयास होना चाहिए।

