सदर एसडीएम ने किया बाढ़ संभावित क्षेत्रों का आकस्मिक दौरा
सदर एसडीएम ने किया बाढ़ संभावित क्षेत्रों का आकस्मिक दौरा
मझिआंव व कांडी में कोयल एवं सोन के जलमग्न इलाकों का किया निरीक्षण
लोगों को सुरक्षित इलाकों में लौटने के लिए की अपील, प्रभावितों के लिए सरकारी भवन उपलब्ध करवाये
गढ़वा। सदर एसडीएम संजय कुमार ने आज बुधवार को मझिआंव एवं कांडी प्रखंड के बाढ़ संभावित एवं जलमग्न इलाकों का आकस्मिक दौरा कर संवेदनशील इलाकों कि निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने बांकी, कोयल एवं सोन नदियों के किनारे बसे क्षेत्रों का जायजा लिया एवं वहां रह रहे लोगों को सतर्क किया।
नदी किनारे झुग्गी-झोपड़ी एवं कच्चे मकानों में रह रहे लोगों को संभावित खतरे को देखते हुए सुरक्षित स्थानों पर जाने का निर्देश दिया । एसडीएम ने संबंधित प्रखंड विकास पदाधिकारियों सह अंचल अधिकारियों को सतत निगरानी रखने एवं आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
निरीक्षण के दौरान एसडीएम ने कांडी सीओ एवं सुंडीपुर पंचायत के मुखिया, स्थानीय नागरिकों तथा प्रशासनिक पदाधिकारियों से जलमग्नता की आशंका वाले गांवों की जानकारी ली और आवश्यक तैयारियों की समीक्षा की।
उन्होंने दोनों प्रखंडों के सीओ तथा संबंधित मुखियाओं को निर्देशित किया कि जलमग्न क्षेत्रों के प्रभावित लोगों के लिए राहत व पुनर्वास की व्यवस्था स्थानीय स्तर पर की जाये, किसी भी परेशानी की स्थिति में वरीय पदाधिकारियों को ससमय सूचित किया जाए ताकि किसी भी आपात स्थिति में तत्क्षण सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
उन्होंने मझिआंव, बूढीखांड़, खरसोता, मोरबे, भंडरिया, मोखापी, राणाडीह, खरौंदा, सुंडीपुर बनकट, कसनप, सोनपुरा आदि गांवों का एहतियातन दौरा किया।
इस दौरान उन्होंने माइक से लोगों को जागरूक किया कि वे नदियों के जल स्तर पर नजर रखें और स्वयं, अपने परिजनों विशेषकर बुजुर्ग और बच्चों तथा अपने पालतू जानवरों का ध्यान रखें।
सोनपुरा की शूलवंती देवी का घर बारिश से गिर गया था इस पर उन्हें और उनके अन्य परिजनों को निकट के आंगनबाड़ी केंद्र में शिफ्ट कराया गया। इसी प्रकार खरौंदा में भी एक- दो परिवारों के घर बारिश के कारण गिर गए, जिन्हें निकट के सरकारी स्कूल में अविलंब शिफ्ट कराने का निर्देश दिया गया।
इस दौरान कांडी प्रखंड के प्रखंड विकास पदाधिकारी सह अंचल अधिकारी राकेश सहाय, सुंडीपुर के मुखिया, बीडीसी, बलियारी के मुखिया प्रतिनिधि सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद थे।
खुले में रह रहे मुसहर परिवारों का लिया हाल-चाल
कांडी से लौटने के क्रम में उन्होंने लमारी गांव के पास रह रहे मुसहर परिवारों का भी हाल-चाल लिया। उन्होंने खुले में रह रहे इन अति दलित परिवारों से किसी सुरक्षित जगह या किसी सरकारी भवन में शिफ्ट होने का अनुरोध किया। हालांकि उनके अनुरोध करने के बावजूद मुसहर लोग अन्यत्र शिफ्ट होने को तैयार नहीं हुए, इस पर उन्होंने कांडी अंचल अधिकारी को इन परिवारों के सुरक्षित आवासन एवं भोजन आदि पर ध्यान रखने का निर्देश दिया।
सर्पदंश की स्थिति में सीधे अस्पताल जाने की अपील
संजय कुमार ने इन जलमग्न इलाकों के दौरे के दौरान माइक से स्थानीय लोगों को जागरूक करते हुए कहा कि जल भराव वाले क्षेत्रों में सांप निकलने और सर्पदंश की घटनाएं अक्सर सामने आती हैं, ऐसी स्थिति में लोग झाड़फूक में समय लगाने की बजाय अविलंब अस्पताल पहुंचने के विकल्प को अपनायें।

