JPSC परीक्षा रद्द करने पर हाईकोर्ट की रोक, BJP नेता सुरेश साव ने CBI जांच की मांग उठाई
11वीं-13वीं JPSC परीक्षा रद्द करने के फैसले पर हाईकोर्ट की रोक, के बाद भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य, सुरेश साव ने कहा कि राज्य के नौजवानों को रोजगार का सपना दिखाकर सत्ता में आई हेमंत सोरेन सरकार ने आज झारखंड के लाखों छात्रों और युवाओं के साथ विश्वासघात किया है।
सुरेश ने कहा कि परीक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं को लेकर छात्र लंबे समय से आंदोलन कर रहे थे सरकार द्वारा मामले की जांच के लिए SIT गठित किए जाने के बावजूद छात्रों की CBI जांच की मांग लगातार बनी हुई है।
श्री साव ने आरोप लगाया कि गिरिडीह विधानसभा के विधायक और मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू और इरफान अंसारी द्वारा छात्रों के आंदोलन को जिस तरह लीपापोती किया गया, उससे अनेक सवाल खड़े होते हैं। सुरेश ने कहा कि यदि सरकार को किसी प्रकार की साजिश या गड़बड़ी में अपनी भूमिका पर संदेह नहीं है, तो वह निष्पक्ष CBI जांच से पीछे क्यों हट रही है?
सुरेश साव की स्पष्ट मांग है कि JPSC-JSSC से जुड़ी सभी कथित अनियमितताओं, परीक्षा प्रक्रिया, संबंधित अधिकारियों तथा राजनीतिक हस्तक्षेप की निष्पक्ष CBI जांच कराई जाए। जांच के दायरे में मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू और इरफान अंसारी की भूमिका से जुड़े आरोप भी लाए जाएं, ताकि दूध का दूध और पानी का पानी हो सके।
सुरेश साव ने कहा कि झारखंड के युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सरकार को छात्रों को आश्वासन नहीं, बल्कि पारदर्शी जांच, दोषियों पर कठोर कार्रवाई और युवाओं के भविष्य की सुरक्षा सुनिश्चित करनी होगी।
श्री साव छात्रों के न्याय और उनके उज्ज्वल भविष्य की लड़ाई में उनके साथ मजबूती से खड़ी है।
सुरेश साव ने कहा कि आज जो न्यायालय का फैसला आया है उनका हम सम्मान करते हैं लेकिन जान बुझ कर छात्रों को बरगला रहे हैं। अगर आप छात्रों का इतना ही भला चाहते हैं तो फिर सीबीआई जांच से आपत्ति क्यों है, क्यों नहीं करवाना चाहते हैं, शायद इन्हें डर लग रहा है कि कहीं हमलोगों को जेल ना जाना पड़े इसलिए यह सरकार परहेज कर रही हो। सुरेश साव ने कहा कि हमारे गिरिडीह के विधायक और झारखंड सरकार के माननीय मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने सरकार की मनसा को पहले ही जगजाहिर कर चुके थे, जिस दिन हेमंत सोरेन की कैबिनेट ने रद्द का घोषणा किया, दूसरे ही दिन उन्होंने प्रेस को कहा था कि लोग न्यायलय जाए, न्यायालय का को फैसला आएगा उनका हम सभी स्वागत करेंगे इसलिए इसकी जो मनसा थी वो पहले से ही स्पष्ट था. सिर्फ ये राजनीति किए हुए हैं. छात्रों के साथ इन्होंने धोखा किया है, इसलिए पूरे झारखंड के छात्र, नौजवान और मेरा मांग है कि तत्काल सीबीआई जांच कराए।

