गढ़वा में 7 महीने से वृद्धावस्था पेंशन का इंतजार, बिस्तर पर पड़ी 75 वर्षीय जासो देवी की बढ़ी परेशानी
देवडीह गांव की 75 वर्षीय जासो देवी, जो पिछले कई वर्षों से बिस्तर पर हैं और सात महीने से वृद्धावस्था पेंशन मिलने का इंतजार कर रही हैं।
कांडी (गढ़वा)। झारखंड के गढ़वा जिले में वृद्धावस्था पेंशन का लाभ नहीं मिलने से बुजुर्गों की परेशानी बढ़ने की बात सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि जिले के कई बुजुर्गों को पिछले करीब सात महीने से पेंशन की राशि नहीं मिली है। इससे उन लोगों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है, जो दैनिक जरूरतों और दवा-इलाज के लिए पेंशन की राशि पर निर्भर रहते हैं।
इसी समस्या से कांडी प्रखंड की शिवपुर पंचायत अंतर्गत देवडीह गांव निवासी 75 वर्षीय जासो देवी भी जूझ रही हैं। उनके पति का नाम सुकन राम है। परिजनों के अनुसार, जासो देवी पिछले कई वर्षों से बिस्तर पर हैं और उन्हें नियमित देखभाल तथा दवा-इलाज की जरूरत है। ऐसे में पिछले सात महीने से वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिलने के कारण उनकी मुश्किलें बढ़ गई हैं। उम्र के इस पड़ाव पर उन्हें भोजन, दवा और इलाज जैसी बुनियादी जरूरतों के लिए भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
वृद्धावस्था पेंशन का उद्देश्य बुजुर्गों को आर्थिक सहारा देना है, ताकि वे अपनी जरूरी जरूरतों को पूरा कर सकें। लेकिन लंबे समय तक पेंशन की राशि नहीं मिलने से जरूरतमंद बुजुर्गों के सामने गंभीर समस्या उत्पन्न हो सकती है। जासो देवी की स्थिति इस परेशानी को सामने लाती है।
अब संबंधित विभाग से यह जानना जरूरी है कि गढ़वा जिले में पेंशन भुगतान में देरी के क्या कारण हैं और लाभुकों को बकाया राशि कब तक मिलेगी। प्रशासन को मामले की जांच कर पेंशन भुगतान की स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए तथा पात्र लाभुकों को शीघ्र राहत दिलाने के लिए आवश्यक कदम उठाने चाहिए, ताकि जरूरतमंद बुजुर्गों को अपने हक की राशि के लिए इंतजार न करना पड़े।




