गिरिडीह जनता दरबार में डीसी सख्त, लंबित शिकायतों के निपटारे के लिए 7 दिन की मोहलत

जनता दरबार में डीसी ने सुनीं फरियादें, लंबित शिकायतों के निष्पादन के लिए एक सप्ताह की मोहलत

खाद्य आपूर्ति, जमीन विवाद, पेंशन, शिक्षा और बिजली समेत कई मुद्दों पर पहुंचे फरियादी; जन समाधान पोर्टल के मामलों को लंबे समय तक लंबित रखने पर संबंधित विभागों को सख्त निर्देश

गिरिडीह। आम लोगों की समस्याओं के त्वरित समाधान को लेकर जिला प्रशासन ने सक्रियता बढ़ाई है। शुक्रवार को उपायुक्त रामनिवास यादव ने अपने कार्यालय प्रकोष्ठ में जनता दरबार आयोजित कर जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे फरियादियों की समस्याएं सुनीं। इस दौरान खाद्य आपूर्ति, कल्याण, जमीन विवाद, शिक्षा, पेंशन, स्वास्थ्य, विद्युत आपूर्ति तथा व्यक्तिगत एवं सार्वजनिक हित से जुड़े कई मामले सामने आए।

उपायुक्त ने सभी फरियादियों की शिकायतों को गंभीरता और संवेदनशीलता से सुनते हुए संबंधित मामलों की जानकारी ली। उन्होंने आश्वस्त किया कि प्राप्त आवेदनों पर नियमानुसार और प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई की जाएगी, ताकि पात्र लोगों को सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ मिल सके।

लंबित मामलों को एक सप्ताह में निपटाने का निर्देश

जनता दरबार के दौरान उपायुक्त ने मौके पर मौजूद संबंधित पदाधिकारियों को प्राप्त आवेदनों की समीक्षा कर उनके समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निष्पादन का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि जन समाधान पोर्टल पर दर्ज शिकायतें अनावश्यक रूप से लंबे समय तक लंबित नहीं रहनी चाहिए। लंबित मामलों को एक सप्ताह के भीतर निष्पादित करने का निर्देश भी दिया गया।

शिकायतों के समाधान में संवेदनशीलता बरतने पर जोर

उपायुक्त ने कहा कि जन शिकायतों का निपटारा केवल आवेदन प्राप्त करने तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि उनके तार्किक एवं नियमानुकूल समाधान तक प्रभावी निगरानी जरूरी है। उन्होंने संबंधित विभागों को निर्धारित प्रक्रिया और नियमों का पालन करते हुए शिकायतों पर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।

उन्होंने आमजनों से अपील की कि वे अपनी समस्याओं एवं शिकायतों को निर्धारित माध्यमों से प्रशासन के समक्ष रखें, ताकि मामलों की जांच कर नियमानुसार समाधान किया जा सके।

मौके पर सहायक समाहर्ता यश कुमार, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी अंजना भारती सहित अन्य संबंधित कर्मी उपस्थित थे।