SIR में आदिवासियों के प्रमाण पत्र का मुद्दा गरमाया, पूर्व विधायक ने DC से की पहल की मांग
SIR में आदिवासियों के प्रमाण पत्र का मुद्दा गरमाया, पूर्व विधायक राजकुमार यादव ने DC से की पहल की मांग
उपायुक्त राम निवास यादव ने दिया भरोसा—“किसी का नाम नहीं छूटेगा, प्रमाण पत्र बनाए जाएंगे”
गिरिडीह। विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर तिसरी प्रखंड में आदिवासी समुदाय के लोगों को प्रमाण पत्र बनाने में आ रही परेशानी का मामला सामने आया है। इसी मुद्दे को लेकर पूर्व विधायक राजकुमार यादव के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने उपायुक्त राम निवास यादव से मुलाकात कर समस्या से अवगत कराया।
प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि तिसरी अंचल में भूदान पट्टा और वन पट्टा को आधार बनाकर आदिवासी परिवारों के जन्म प्रमाण पत्र, आवासीय प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र और वंशावली तैयार नहीं किए जा रहे थे। इससे SIR के दौरान लोगों के सामने दस्तावेजी परेशानी उत्पन्न होने की आशंका जताई गई।
प्रतिनिधिमंडल ने उपायुक्त से मांग की कि ऐसे लोगों के दस्तावेजों को मान्यता देते हुए प्रमाण पत्र बनाने की प्रक्रिया सुनिश्चित कराई जाए, ताकि कोई भी पात्र व्यक्ति मतदाता सूची के पुनरीक्षण से प्रभावित न हो।
मामले को गंभीरता से लेते हुए उपायुक्त राम निवास यादव ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया। उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्रमाण पत्र बनाए जाएंगे और किसी भी व्यक्ति का नाम नहीं छूटने दिया जाएगा।
गौरतलब है कि SIR को लेकर दस्तावेजों से जुड़ी समस्याओं का मुद्दा गिरिडीह में पहले भी सामने आया है। भूमिहीन परिवारों के जाति और आवासीय प्रमाण पत्र को लेकर प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की जा चुकी है।
इस आश्वासन के बाद आदिवासी परिवारों को अपने दस्तावेज तैयार होने और SIR प्रक्रिया में नाम सुरक्षित रहने की उम्मीद जगी है।

