JSSC परीक्षा परिणाम पर उठे सवाल, अभ्यर्थियों ने पारदर्शिता की मांग की
JSSC परीक्षा परिणाम पर उठे सवाल, अभ्यर्थियों ने पारदर्शिता की मांग की *
रिपोर्ट : अर्चना कुमारी
रांची – झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की हालिया परीक्षा परिणाम को लेकर अभ्यर्थियों के बीच भारी नाराजगी देखने को मिल रही है। कई परीक्षार्थियों ने आरोप लगाया है कि परीक्षा में उत्तीर्ण होने और पर्याप्त अंक प्राप्त करने के बावजूद उनका नाम अंतिम परिणाम सूची में शामिल नहीं किया गया। अभ्यर्थियों का कहना है कि कुल 3181 सीटों के लिए लगभग 3600 अभ्यर्थियों की सूची जारी की गई, जिसमें सामान्य उत्तीर्ण अंक 50 तथा ओबीसी वर्ग के लिए 20 अंक निर्धारित थे।
एक आवेदक ने दावा किया कि उसे 48 अंक प्राप्त हुए हैं, इसके बावजूद उसका नाम चयन सूची में दर्ज नहीं किया गया। इसको लेकर परीक्षार्थियों में असंतोष बढ़ता जा रहा है। युवाओं के बीच यह चर्चा तेज है कि पूरी चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी रही है और नियुक्तियों में भ्रष्टाचार की आशंका जताई जा रही है।
अभ्यर्थियों का कहना है कि इससे सरकार और आयोग की निष्पक्षता पर लोगों का भरोसा कमजोर हो रहा है। उन्होंने आयोग से मांग की है कि संबंधित आवेदकों की उत्तर पुस्तिकाओं और प्राप्त अंकों की दोबारा जांच कराई जाए। साथ ही परिणाम सूची में नाम न आने के तकनीकी अथवा प्रशासनिक कारणों को सार्वजनिक रूप से स्पष्ट किया जाए।
परीक्षार्थियों ने यह भी मांग उठाई है कि संशोधित और पूरी तरह पारदर्शी परिणाम सूची जल्द जारी की जाए, ताकि योग्य उम्मीदवारों को न्याय मिल सके। अभ्यर्थियों ने चेतावनी दी है कि यदि मामले में शीघ्र उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो वे न्याय के लिए माननीय उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाने तथा लोकतांत्रिक तरीके से विरोध प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे।
युवाओं ने सरकार और आयोग से परीक्षा की शुचिता तथा अभ्यर्थियों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए तत्काल समाधान की अपील की है।


