श्रीकृष्ण गौशाला समिति का चुनाव पूरी तरह पारदर्शी व संवैधानिक : विनोद कुमार पाठकगढ़वा।

विगत 4 जनवरी को श्रीकृष्ण गौशाला समिति की प्रबंध समिति का जो चुनाव संपन्न हुआ है, वह वर्ष 2025 की संशोधित नियमावली (बायलॉज) के आलोक में पूरी तरह पारदर्शी एवं संवैधानिक तरीके से कराया गया है। इस चुनाव को लेकर किसी भी प्रकार का भ्रम फैलाने की कोई गुंजाइश नहीं है। उक्त बातें श्रीकृष्ण गौशाला समिति के नव निर्वाचित अध्यक्ष विनोद कुमार पाठक ने श्रीकृष्ण गौशाला समिति, गढ़वा परिसर में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान कही।
उन्होंने स्पष्ट किया कि श्रीकृष्ण गौशाला समिति की बायलॉज में लचीलापन (फ्लेक्सिबिलिटी) का प्रावधान है। समिति के दो-तिहाई आजीवन सदस्य यदि चाहें तो नियमावली में संशोधन कर सकते हैं। इसी प्रावधान के तहत वर्ष 2025 की संशोधित नियमावली के अनुसार 4 जनवरी को समिति का चुनाव संपन्न कराया गया है।
इस अवसर पर श्री पाठक ने श्रीकृष्ण गौशाला समिति की भूमि पर अवैध कब्जा करने वालों से स्वेच्छा से कब्जा खाली कर भूमि गौशाला को सौंपने की अपील की। उन्होंने कहा कि यदि किसी के पास गलत या संदिग्ध कागजात भी हैं, तो उनके सहारे गौशाला की भूमि पर कब्जा बनाए रखने की भूल न करें। अन्यथा समिति ऐसे लोगों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई करेगी। उन्होंने दो टूक कहा कि हर हाल में सोनपुरवा स्थित साढ़े आठ एकड़ तथा चेतना स्थित साढ़े ग्यारह एकड़ गौशाला भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया जाएगा।
श्री पाठक ने कहा कि श्रीकृष्ण गौशाला समिति का मुख्य उद्देश्य गढ़वा जिले में गोवंश का संरक्षण करना है। नई प्रबंध समिति का प्रयास रहेगा कि श्रीकृष्ण गौशाला के माध्यम से गढ़वा शहर के लोगों को देसी गाय का दूध उपलब्ध कराया जा सके। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि समिति अपने गौरव को पुनः स्थापित करने के लिए निरंतर कार्य करेगी।
उन्होंने बताया कि गौशाला की खाली पड़ी जमीन पर दुकानों का निर्माण कर व्यावसायिक उपयोग किया जाएगा, जिससे होने वाली आय को गौशाला की आय वृद्धि तथा गोवंश संरक्षण में व्यय किया जाएगा। श्री पाठक ने यह भी जानकारी दी कि श्रीकृष्ण गौशाला समिति झारखंड स्तरीय गौशालाओं से जुड़ चुकी है और इसके विकास के लिए राज्य से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक प्रयास किए जाएंगे।
पत्रकार वार्ता में उन्होंने यह भी घोषणा की कि गौशाला के विकास हेतु एक परामर्श समिति का गठन किया गया है, जिसकी सलाह से आगे की योजनाओं को क्रियान्वित किया जाएगा। इस पांच सदस्यीय परामर्श समिति में अधिवक्ता विजय कुमार पांडेय, नंदकुमार गुप्ता, विजय कुमार केसरी, अवधेश कुशवाहा एवं विवेकानंद उपाध्याय को सदस्य बनाया गया है।
इसके साथ ही श्री पाठक ने उपाध्यक्ष उपेंद्र सिंह को कार्यकारी अध्यक्ष के रूप में मनोनीत करने की घोषणा की। वहीं, समिति के कानूनी सलाहकार के रूप में अधिवक्ता परेश कुमार तिवारी की नियुक्ति की गई। उन्होंने कहा कि अधिवक्ता परेश कुमार तिवारी की कानूनी सलाह के अनुसार श्रीकृष्ण गौशाला समिति से जुड़े सभी मुकदमों एवं विधिक मामलों में आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
इस अवसर पर विनोद कमलापुरी, मनोज केसरी, ज्योति प्रकाश केशरी सहित अन्य लोग उपस्थित थे।