पांकी के केल्हवा में हुई मारपीट की घटना में मौत मामले में मृतक के परिजनों ने पुलिस उपमहानिरीक्षक से लगाई मदद की गुहार

पांकी के केल्हवा में हुई मारपीट की घटना में मौत मामले में मृतक के परिजनों ने पुलिस उपमहानिरीक्षक से लगाई मदद की गुहार

डर से सहमा पीड़ित परिवार: हत्या के आरोपियों पर गवाही न देने के लिए घर में जिंदा जलाने की धमकी का लगाया आरोप

पलामू जिले के पिपरटांड़ थाना क्षेत्र अंतर्गत एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ एक वृद्ध की हत्या के बाद अब उनके परिवार को केस वापस लेने और गवाही न देने के लिए जान से मारने की धमकियां दी जा रही हैं। पीड़ित परिवार ने इस संबंध में पुलिस उप महानिरीक्षक (DIG), पलामू रेंज को आवेदन देकर न्याय और सुरक्षा की गुहार लगाई है।
​आवेदन के अनुसार, घटना 6 अप्रैल 2026 की शाम करीब 5 बजे केलहवा साप्ताहिक बाजार की है। मृतक अब्दुल बारीक मियां (उर्फ करीमन मियां) बाजार में सब्जी बेच रहे थे। उसी दौरान दुकानदार खादिम अंसारी और गढ़ गाँव के कुछ लड़कों के बीच विवाद हो गया। बीच-बचाव करने पहुंचे करीमन मियां पर आरोप है कि केलहवा पंचायत के मुखिया बशारत हुसैन के बुलावे पर आए जावेद अंसारी, इश्तियाक मियां, और खुर्शीद अंसारी ने लोहे की रॉड से हमला कर दिया।
​गंभीर रूप से घायल करीमन मियां को पांकी अस्पताल से डाल्टनगंज और फिर रिम्स रांची रेफर किया गया, जहाँ इलाज के दौरान 9 अप्रैल 2026 को उनकी मृत्यु हो गई। इस मामले में पिपरटांड़ थाना में कांड संख्या 14/2026 दर्ज है।

​मृतक के पुत्र मुसाफिर आलम ने आरोप लगाया है कि केस दर्ज होने के बाद मुख्य आरोपी मुखिया बशारत हुसैन, खुर्शीद अंसारी, इश्तियाक मियां और शहनाज अंसारी द्वारा लगातार गवाही न देने का दबाव बनाया जा रहा है।
​पीड़ित का कहना है कि:
​”आरोपी धमकी दे रहे हैं कि अगर गवाही दी, तो पूरे परिवार को घर में बंद कर जिंदा जला देंगे। पिता जैसा हाल करने की बात कहकर हमें डराया जा रहा है।”
​पीड़ित परिवार के सदस्य साप्ताहिक बाजारों में काम कर अपना गुजारा करते हैं, लेकिन आरोपियों के रसूख और धमकियों के कारण पूरा परिवार गहरे सदमे और डर में है। उन्हें अंदेशा है कि उनकी कभी भी हत्या की जा सकती है। आवेदन के माध्यम से मांग की गई है कि नामजद आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर जेल भेजा जाए ताकि परिवार सुरक्षित रह सके।