दलित परिवार की जमीन पर स्वास्थ्य केंद्र निर्माण का आरोप, पांकी में मचा विवाद

पांकी के पकरीया में दलित परिवार की बंदोबस्ती जमीन पर अवैध कब्जा और सरकारी भवन निर्माण का प्रयास, पीड़ित परिवार ने प्रशासन से लगाई गुहार

​पांकी
पलामू जिले के पांकी प्रखण्ड अंतर्गत पकरीया पंचायत में एक दलित परिवार की बंदोबस्ती भूमि पर जबरन अवैध कब्जा करने और वहां सरकारी भवन (स्वास्थ्य केंद्र) का निर्माण कराए जाने का मामला सामने आया है। इस कार्रवाई से नाराज पीड़ित परिवार ने जिला प्रशासन और स्थानीय अधिकारियों से न्याय की गुहार लगाई है।
पीड़ित परिवार के अनुसार, वर्ष 1995-96 में पकरीया स्कूल के समीप स्थित खाता संख्या 148, प्लॉट संख्या 753 की कुल 3 एकड़ 88 डिसमिल भूमि धर्मदेव मोची और नंदू मोची के नाम पर बंदोबस्त (पट्टा) की गई थी। पीड़ित परिवार का दावा है कि जमीन से जुड़े सभी कानूनी कागजात और रसीदें उनके पास मौजूद हैं।
​बावजूद इसके, दूसरे पक्ष के नौशाद अहमद एवं प्यारे अहमद पकरिया निवासी के द्वारा इस जमीन का जबरन दावा पेश किया जाता रहा है , पूर्व में अंचल कार्यालय द्वारा दो बार मापी हेतु कार्रवाई भी दूसरे पक्षों के द्वारा विवाद के कारण अधूरी रह गई है।
फिलहाल उनकी वैध बंदोबस्ती जमीन पर जबरन अवैध कब्जा करने और वहां सरकारी भवन बनवाने का कार्य किया जा रहा है।
पीड़ित धर्मदेव मोची के पुत्र ने मीडिया को अपनी पीड़ा बताते हुए कहा कि उनकी निजी बंदोबस्ती भूमि पर बिना उनकी किसी भी प्रकार की जानकारी या सहमति के स्वास्थ्य केंद्र के निर्माण का शिलान्यास कर दिया गया है।
दलित परिवार ने इस अवैध कब्जे और मनमाने तरीके से हो रहे निर्माण कार्य पर गहरी नाराजगी जताई है। पीड़ितों ने झारखंड सरकार और जिला प्रशासन से तत्काल इस मामले की जांच करने, जमीन के कागजातों का सत्यापन करने तथा उनकी निजी बंदोबस्ती भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग की है। मंगलवार को पीड़ित परिवार के द्वारा अंचल अधिकारी को आवेदन भी दिया गया है।
पीड़ित परिवार ने चेतावनी दी है कि यदि उन्हें न्याय नहीं मिला, तो वे इसके खिलाफ लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करने को बाध्य होंगे।

इस संबंध में पकरीया पंचायत के मुखिया और विधायक प्रतिनिधि ने बताया कि मामले की जानकारी उन्हें मिली है, फिलहाल कार्य स्थगित करवा दिया गया है, अंचल कार्यालय से भूमि का सत्यापन होने के बाद ही आगे की कार्रवाई हो सकेगी।