आपसी भाईचारा व सौहार्द का संदेष देता है इफ्तार पार्टी : मिथिलेष ठाकुर
आपसी भाईचारा व सौहार्द का संदेष देता है इफ्तार पार्टी : मिथिलेष ठाकुर
पूर्व मंत्री के आवास पर इफ्तार पार्टी का आयोजन
फोटो -इफ्तार पार्टी में पूर्व मंत्री, डीसी, एसपी व अन्य
फोटो -उपस्थित रोजेदार
गढ़वा। झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री मिथिलेष कुमार ठाकुर के गढ़वा स्थित आवास पर बुधवार की संध्या इफ्तार पार्टी का आयोजन किया गया। मौके पर मौजूद रोजेदारों ने नमाज अदा करने के बाद रोजा खोला।
मौके पर पूर्व मंत्री श्री ठाकुर ने कहा कि इफ्तार पार्टी समाज की आपसी भाईचारा, एकता एवं सौहार्द का संदेष देता है। उन्होंने कहा कि एकता एवं सौहार्द हमारे देष, राज्य व गढ़वा की खूबसूरती है। अपने यहां गंगा जमुनी तहजीब का मिषाल देखने को मिलता है। हम सभी धर्मां के लोग आपस में मिलजुल कर एक दूसरे का पर्व त्यौहार मनाते हैं। यहां ईद, रामनवमी, होली, दषहरा सभी पर्व त्यौहार सभी जाति, धर्म के लोग एक साथ मिलकर मनाते हैं। अभी माह-ए-रमजान चल रहा है। इसलाम धर्म के लोग रोजा रखते हैं तथा शाम में इफ्तार करते हैं। समाज के मुट्ठी भर वैसे लोग जो अपने निजी स्वार्थ के लिए समाज को कमजोर करने, हमें बांटने की कोषिष करते हैं वैसे लोगां के लिए यह इफ्तार पार्टी संदेष देता है कि हम सामुहिक रूप से इफ्तार का आयोजन करते हैं। इसमें ंहिंदु, मुस्लिम, सिक्ख, ईसाई सभी धर्म संप्रदाय के लोग आपसी भाईचारे के साथ मिलजुल कर इफ्तार करते हैं। पूर्व मंत्री श्री ठाकुर ने कहा कि सभी लोग इस भाईचारे को हमेषा कायम रखें एवं संविधान के साथ छेड़छाड़ नहीं होने दें। इफ्तार पार्टी खाने पीने की व्यवस्था नहीं बल्कि आपसी एकता एवं भाईचारे का संदेष है। मौके पर मुख्य रूप से डीसी शेखर जमुआर, एसपी दीपक पांडेय, एसडीपीओ नीरज कुमार, प्रषिक्षु डीएसपी चिरंजीवी मंडल, नप के कार्यपालक पदाधिकारी सुषील कुमार, सीओ सफी आलम, जिप अध्यक्ष शांति देवी, पूर्व सांसद कामेष्वर बैठा, झामुमो के केंद्रीय प्रवक्ता धीरज दुबे, तनवीर आलम, मनोज ठाकुर, फरीद खान, परेष तिवारी, चंदन जायसवाल, जवाहर पासवान, युवा समाजसेवी राकेष पाल, डॉ यासिन अंसारी, वनांचल डेंटल कॉलेज के डायरेक्टर दिनेष सिंह, अनिता दत्त, डॉ असजद, नवीन तिवारी, मेदनी खान, रेखा चौबे, अंजली गुप्ता, वंदना जायसवाल, ताहिर अंसारी, तबीब आलम, अतहर अली, सलीम जाफर, शरीफ अंसारी, दिलीप गुप्ता सहित काफी संख्या में लोग उपस्थित थे।


