सत्य, अहिंसा, स्वच्छता और राष्ट्रभक्ति के संदेश के साथ स्कॉलर बी.एड. कॉलेज में मनाई गई गांधी जयंती
सत्य, अहिंसा, स्वच्छता और राष्ट्रभक्ति के संदेश के साथ स्कॉलर बी.एड. कॉलेज में मनाई गई गांधी जयंती
गांधी जी के आदर्श केवल स्मरण नहीं, जीवन में आचरण का विषय : डॉ. हरदीप कौर
गिरिडीह। महात्मा गांधी जयंती के अवसर पर स्कॉलर बी.एड. कॉलेज के मल्टीपरपस हॉल में 1 अक्टूबर 2026 को विभिन्न कार्यक्रमों एवं प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य प्रशिक्षुओं को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के जीवन, विचारों एवं आदर्शों से परिचित कराने के साथ उनमें सत्य, अहिंसा, स्वच्छता, राष्ट्रप्रेम एवं सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करना था।
कार्यक्रम की शुरुआत सामूहिक रूप से ‘वंदे मातरम्’ गीत के गायन एवं राष्ट्रीय प्रतिज्ञा के वाचन के साथ हुई। इसके बाद प्रशिक्षुओं ने महात्मा गांधी के जीवन, व्यक्तित्व, संघर्ष एवं स्वतंत्रता आंदोलन में उनके योगदान पर प्रकाश डाला। विभिन्न प्रतियोगिताओं में प्रशिक्षुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर गांधी जी के विचारों एवं आदर्शों को प्रस्तुत किया।
इस अवसर पर डी.एल.एड. प्रभारी डॉ. हरदीप कौर ने कहा कि महात्मा गांधी केवल स्वतंत्रता आंदोलन के महान नेता ही नहीं, बल्कि सत्य, अहिंसा, स्वच्छता, सादगी और मानवता के प्रतीक थे। उनके विचार आज भी समाज और विशेषकर युवा पीढ़ी के लिए प्रासंगिक हैं। गांधी जी के आदर्श केवल स्मरण करने का विषय नहीं, बल्कि उन्हें अपने जीवन में आचरण में उतारने का विषय है।
उन्होंने प्रशिक्षुओं से सत्य एवं अहिंसा के मार्ग पर चलने, स्वच्छता को जीवन की नियमित आदत बनाने तथा समाज एवं राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का ईमानदारी से निर्वहन करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं में प्रथम एवं द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इससे प्रशिक्षुओं में उत्साह एवं रचनात्मक सहभागिता की भावना और मजबूत हुई।
कार्यक्रम का मंच संचालन सहायक व्याख्याता कौशल कुमार ने किया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में सहायक व्याख्याता आशीष राज, डॉ. प्रवीण कुमार, रंजीत कुमार सिंह, स्मिता कुमारी, प्रवीण कुमार सहित शिक्षकेतर कर्मचारियों एवं महाविद्यालय के प्रशिक्षुओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
अंत में महाविद्यालय परिवार ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को श्रद्धापूर्वक नमन करते हुए उनके सत्य, अहिंसा, स्वच्छता, सादगी एवं मानवता के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।

