सरहुल पर्व को भव्य बनाने की तैयारी, पारंपरिक वेश-भूषा व वाद्य यंत्रों के साथ जुलूस में शामिल होगा भोगता समाज
सरहुल पर्व को भव्य बनाने की तैयारी, पारंपरिक वेश-भूषा व वाद्य यंत्रों के साथ जुलूस में शामिल होगा भोगता समाज
गुमला – प्रकृति पूजा के महान पर्व सरहुल को लेकर खरवार भोगता समाज विकास संघ, गुमला जिला की महत्वपूर्ण बैठक बुधवार को पालकोट रोड स्थित मंगल सिंह भोगता के होटल सभागार में आयोजित हुई। बैठक में आगामी 21 मार्च को सरहुल पर्व को धूमधाम से मनाने तथा केंद्रीय सरहुल जुलूस में खोड़हा दल के साथ पारंपरिक अंदाज में शामिल होने का सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया।
बैठक की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष जीतू प्रधान ने की। इस अवसर पर प्रमंडलीय अध्यक्ष मंगल सिंह भोगता ने कहा कि सरहुल केवल एक पर्व नहीं, बल्कि प्रकृति के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का प्रतीक है, जो जीवन के मूल आधार को सम्मान देने का संदेश देता है। उन्होंने बताया कि 21 मार्च को समाज के सभी सदस्य पालकोट रोड स्थित सामाजिक कार्यालय में एकत्रित होकर विधि-विधान से सरना माता एवं प्रकृति की पूजा-अर्चना करेंगे।
बैठक में यह भी तय किया गया कि समाज के लोग पारंपरिक वेश-भूषा, झंडा, नगाड़ा, मांदर जैसे वाद्य यंत्रों एवं खोड़हा दल के साथ केंद्रीय सरहुल जुलूस में उत्साहपूर्वक भाग लेंगे। अधिक से अधिक सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए गांव-गांव में प्रचार-प्रसार करने पर विशेष जोर दिया गया।
इसके साथ ही पूजन सामग्री, प्रसाद, सामूहिक भोजन एवं पारंपरिक वाद्य यंत्रों की व्यवस्था को लेकर भी विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में संरक्षक विश्वनाथ प्रधान, सचिव भरत प्रधान, कोषाध्यक्ष शिव शंकर भोगता, प्रवीण प्रधान, हीरालाल प्रधान, धनेश्वर भोगता, डब्लू प्रधान, सुनीता कुमारी सहित कई सदस्य उपस्थित रहे।

