“छात्र समस्याओं को लेकर एबीवीपी ने एसडीओ को सौंपा ज्ञापन”
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद गढ़वा इकाई द्वारा विद्यार्थियों से जुड़ी विभिन्न समस्याओं को लेकर अनुमंडल पदाधिकारी, गढ़वा को ज्ञापन सौंपा गया। परिषद के प्रतिनिधिमंडल ने गढ़वा अनुमंडल क्षेत्र में विद्यार्थियों को प्रभावित करने वाली कई महत्वपूर्ण समस्याओं की ओर प्रशासन का ध्यान आकृष्ट कराया।
ज्ञापन में कहा गया कि गढ़वा नगर क्षेत्र में कई कोचिंग संस्थान बेसमेंट में संचालित हो रहे हैं, जो सुरक्षा की दृष्टि से उचित नहीं है। ऐसे कोचिंग संस्थानों के संचालन पर रोक लगाने, स्कूल एवं कॉलेज के संचालन समय में कोचिंग संस्थानों के संचालन पर रोक लगाने की मांग की गई, मेन रोड स्थित राजकीय बालिका मध्य विद्यालय के चारदीवारी के सामने नगर परिषद द्वारा निर्मित शौचालय को विद्यालय के वातावरण के प्रतिकूल बताते हुए उसे किसी अन्य उपयुक्त स्थान पर स्थानांतरित करने,गढ़वा नगर परिषद क्षेत्र के विभिन्न शासकीय छात्रावासों में केवल नियमित रूप से अध्ययनरत विद्यार्थियों के ही निवास को सुनिश्चित करने, कई कोचिंग संस्थान ड्रेस कोड, बैग एवं अन्य सामग्री पर अपने संस्थान का नाम प्रिंट कराकर विद्यार्थियों के लिए अनिवार्य कर रहे हैं, जिससे विद्यार्थियों एवं अभिभावकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है। परिषद ने इस प्रकार की अनिवार्यता पर रोक लगाने की मांग की। साथ ही मार्च-अप्रैल माह में विद्यालयों द्वारा विद्यार्थियों से पुनः री-एडमिशन शुल्क लिए जाने पर भी आपत्ति जताते हुए इस प्रकार के शुल्क पर रोक लगाने की मांग की गई। जिला संयोजक शुभम तिवारी ने कहा कि विद्यार्थी परिषद ने इन सभी मुद्दों को लेकर अनुमंडल पदाधिकारी को ज्ञापन सौंपते हुए शीघ्र समाधान की मांग की है। परिषद का मानना है कि विद्यार्थियों को सुरक्षित, स्वच्छ और बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। प्रदेश कार्यसमिति सदस्य प्रिंस सिंह ने कहा कि यदि इन समस्याओं के समाधान की दिशा में जल्द ठोस कदम नहीं उठाए जाते हैं, तो विद्यार्थी परिषद विद्यार्थियों के हित में व्यापक आंदोलन करने के लिए भी बाध्य होगी। प्रतिनिधिमंडल में राज्य विश्वविद्यालय कार्य संयोजक मंजुल शुक्ल, नगर मंत्री सुगंध बघेल,आनंद कुमार, सुजीत कुमार सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।


