जान जोखिम में डालकर बिजली पाने को मजबूर पूर्वडीहा गांव के लोग, खेत-आहर से होकर गुजरती है बिजली लाइन
जान जोखिम में डालकर बिजली बनवाने को विवश हैं पूर्वडीहा गांव के लोग: सरकार मूलभूत सुविधाओं को जन जन तक और गांव गांव तक पहुंचाने की बात करती है लेकिन अभी भी जिला मुख्यालय से सटे गांव पूर्वडीहा में बिजली की स्थिति बहुत दयनीय रहती है । गर्मी का दिन हो या बारिश का मौसम हो बिजली प्रतिदिन फौल्ट में रहती है इसका मुख्य कारण है तार पोल का काफी पुराना होना और पोल तार काफी पुराने और कुव्यवस्थित तरीके से गांव गांव तक पहुंचना । जिस बिजली को गांधीपुर विद्युत उपकेंद्र से निकलकर 3 से 4 किलोमीटर की दूरी तय करते हुए पूर्वडीहा पहुंचना चाहिए उसके बदले अभी बिजली 10 किलोमीटर से ज्यादा दूरी तय करती है वो भी रोड के किनारे किनारे पोल तार आने के बजाय खेत क्यारी और आहर के बीच से गुजरते हुए पूर्वडीहा तक पहुंचता है ।
पूर्वडीहा गांव निवासी समाजसेवी विकास दूबे ने बताया कि गांधीपुर से पूर्वडीहा तक सड़क के किनारे किनारे 11 हजार के लाईन में 70 प्रतिशत पोल और तार का काम हो चुका है जो 2 साल पहले पूर्ण हो चुका है बाकी का कुछ काम विभाग की उदासीनता के कारण बाकी रह गया है । इस संदर्भ में पूर्व में भी बिजली विभाग के संबंधित पदाधिकारी को आवेदन दे चुके हैं लेकिन विभाग इस पर कोई पहल नहीं कर रहा है और आए दिन कभी भी बिजली में फौल्ट होते रहता है तथा दिन दिन भर या रात रात भर बिजली खराब रहता है ।


