सूर्य मंदिर नदी तट पर पक्का धुलाई घाट का शिलान्यास, छठ व्रतियों को मिलेगा स्वच्छ व सुरक्षित तट – जिपस रंजनी शर्मा

सूर्य मंदिर नदी तट पर पक्का धुलाई घाट का शिलान्यास, छठ व्रतियों को मिलेगा स्वच्छ व सुरक्षित तट – जिपस रंजनी शर्मा

भवनाथपुर। बाजार स्थित सूर्य मंदिर नदी तट पर विकास के एक नए अध्याय की शुरुआत हुई। जिला परिषद सदस्य रंजनी शर्मा के कर-कमलों द्वारा 15वें वित्त आयोग की निधि से 1 लाख 96 हजार रुपये की लागत से बनने वाले पक्का धुलाई घाट का शिलान्यास किया गया। इस अवसर पर क्षेत्र में उत्साह का माहौल देखा गया।
शिलान्यास कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला परिषद सदस्य रंजनी शर्मा ने कहा कि भगवान सूर्य देव की इस पावन स्थली पर घाट का निर्माण कराना उनके लिए सौभाग्य की बात है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए और पूर्ण गुणवत्ता के साथ कार्य किया जाए। उन्होंने कहा कि यह घाट केवल एक कंक्रीट संरचना नहीं, बल्कि छठ व्रतियों की सेवा, आस्था और स्वच्छता के संकल्प का प्रतीक होगा। उनका उद्देश्य है कि आगामी छठ पूजा में श्रद्धालुओं को अर्घ्य अर्पित करने के लिए एक स्वच्छ, सुरक्षित और सुंदर तट उपलब्ध हो।
स्थानीय व्यवसायियों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं ने रंजनी शर्मा के इस प्रयास की सराहना की। कार्यक्रम के दौरान प्रबुद्धजनों ने सूर्य मंदिर की भव्यता को देखते हुए यहां एक सर्वसुविधायुक्त विवाह मंडप एवं व्यापक सौंदर्यीकरण कराने की मांग रखी, जिससे गरीब एवं मध्यम वर्गीय परिवारों को सामाजिक एवं धार्मिक आयोजनों में सुविधा मिल सके।
इस पर रंजनी शर्मा ने भरोसा दिलाया कि सूर्य मंदिर परिसर को एक आदर्श धार्मिक स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कल्याण विभाग एवं अन्य योजनाओं के माध्यम से विवाह मंडप के निर्माण के लिए प्रयास किए जाएंगे और जल्द ही इसे धरातल पर उतारा जाएगा। साथ ही सूर्य मंदिर के सुंदरीकरण के लिए विशेष योजना तैयार की जा रही है, जिससे यह स्थल और अधिक आकर्षक व आध्यात्मिक स्वरूप ग्रहण कर सके।
मौके पर मुखिया बेबी देवी, पूर्व विसुत्री अध्यक्ष बृजेश सिंह, नवल किशोर प्रसाद, नीतीश कुमार, सुनील गुप्ता,राजमोहन यादव, संजय गुप्ता, बृजेश सिंह, सत्येंद्र गुप्ता, राजेंद्र सेठ, अजय गुप्ता, वीरेंद्र गुप्ता, सुजीत कुमार, दुर्गावाहिनी संयोजिका रीना देवी, शंकर गुप्ता सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित थे।