पुल निर्माण की आड़ में बालू का काला खेल ग्रामीणों ने रंगे हाथों पकड़ी गाड़ियाँ, कार्रवाई की मांग

पुल निर्माण की आड़ में बालू का काला खेल ग्रामीणों ने रंगे हाथों पकड़ी गाड़ियाँ, कार्रवाई की मांग

गुमला: गुमला जिला के चैनपुर प्रखंड के बारवेनगर शंख सेमरटोली में ग्रामीणों ने एकजुट होकर अवैध बालू खनन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। ग्राम सभा और वन अधिकार समिति के सदस्यों ने देर रात अवैध रूप से बालू लादकर ले जा रहे दो हाईवा और एक जेसीबी को जब्त किया है।ग्रामीणों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों का आरोप है कि शंख सेमरटोली में चल रहे पुल निर्माण की आड़ में बड़े पैमाने पर बालू का अवैध डंपिंग जोन बनाया गया है। दिन भर पुल निर्माण के नाम पर बालू जमा किया जाता है और शाम ढलते ही जेसीबी लगाकर इसे हाईवा में लोड कर दूसरे राज्यों में तस्करी के लिए भेज दिया जाता है।प्रखंड उप प्रमुख सह वन समिति अध्यक्ष बारवेनगर प्रमोद खलखो ने मौके पर पहुँचकर इस अवैध गतिविधि की कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा शंख नदी से बालू का उठाव पूरी तरह अवैध है। न तो सरकार को इसकी जानकारी है, न खनन विभाग को और न ही ग्राम सभा को। यह पेसा कानून का खुला उल्लंघन है, क्योंकि नियमानुसार जमीनी खनिजों पर ग्राम सभा की अनुमति अनिवार्य है। प्रशासन को इस तस्करी के पीछे शामिल सिंडिकेट पर सख्त कार्रवाई करनी चाहिए।वन अधिकार समिति के सदस्यों ने बताया कि उन्हें गुप्त सूचना मिली थी कि रात के अंधेरे में नदी किनारे से बालू की ढुलाई की जा रही है। जब ग्रामीणों ने गाड़ियों को रोककर वैध कागजात की मांग की, तो चालक दल कोई भी दस्तावेज पेश नहीं कर सका। ग्रामीणों का कहना है कि यह चोरी न केवल राजस्व का नुकसान है बल्कि पर्यावरण के लिए भी गंभीर खतरा है। दो हाईवा जेएच 07 जे 5658 वही जेएच 07जे 0285 है और एक जेसीबी जेएच 08 सी 7954। शंख नदी तट, शंख सिमरटोली। बिना ग्राम सभा की अनुमति के अवैध खनन और अंतरराज्यीय तस्करी।