पलामू में बिजली विभाग–एजेंसी गठजोड़ से अवैध वसूली के दो बड़े मामले उजागर
पलामू में बिजली विभाग–एजेंसी गठजोड़ से अवैध वसूली के दो बड़े मामले उजागर
मेदिनीनगर। पलामू जिले में बिजली विभाग के अधिकारियों, प्लेसमेंट एजेंसियों और स्थानीय बिचौलियों की कथित मिलीभगत से ग्रामीणों से अवैध वसूली और ठगी के दो गंभीर मामले सामने आए हैं। दोनों घटनाओं ने ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली संबंधी कार्यवाही में व्याप्त अनियमितताओं और भ्रष्टाचार पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
चैनपुर: ग्रामीण SDO पर अवैध वसूली का आरोप
चैनपुर थाना क्षेत्र में ग्रामीण SDO दामोदर रंजन पर तीन–चार दर्जन ग्रामीणों से अवैध वसूली का आरोप लगा है।
ग्रामीणों ने बताया कि SDO रंजन अपने सहयोगियों इब्राहिम और गांधी गुप्ता के साथ गांव में बिजली चेकिंग के नाम पर पहुंचे थे। जांच के बाद सभी ग्रामीणों को शाहपुर ऑफिस बुलाया गया, जहां कथित तौर पर उनसे मनमानी रकम वसूली गई।
मामला फिलहाल जांच के अधीन है।
तरहसी: मीटर लगाने के नाम पर ₹40,000 की ठगी, विरोध पर छापा
तरहसी थाना क्षेत्र में प्लेसमेंट एजेंसी से जुड़े साकेत सिंह और भूपेंद्र सिंह पर गांव के ही निवासी श्रीकांत सिंह से मीटर लगाने के नाम पर ₹40,000 लेने का आरोप लगा है।
पीड़ित के अनुसार, एजेंसी से जुड़े लोगों ने उन्हें कोई रसीद नहीं दी और अगले चार महीनों तक हर महीने ₹1500 की अवैध वसूली भी की।
श्रीकांत के भुगतान रोकने पर, आरोप है कि एजेंसी कर्मियों ने अधिकारियों से सांठगांठ कर उनके घर पर छापा डलवाया तथा झूठी FIR दर्ज कराई।
पीड़ित ने तरहसी थाना में लिखित आवेदन देकर न्याय की मांग की है।
बिचौलिए बढ़े, विभाग की छवि खराब: कार्यपालक अभियंता
बिजली विभाग के कार्यपालक अभियंता संतोष कुमार ने स्वीकार किया कि ग्रामीण क्षेत्रों में बिचौलियों की गतिविधियाँ काफी बढ़ गई हैं, जिससे विभाग की बदनामी हो रही है।
उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
जागरूकता की कमी का उठ रहा फायदा
दोनों मामलों से यह स्पष्ट हुआ है कि ग्रामीणों की बिजली प्रक्रियाओं के प्रति जागरूकता कम होने का फायदा दलालों और एजेंसी से जुड़े लोग उठा रहे हैं।
जिला प्रशासन से इन मामलों की निष्पक्ष और विस्तृत जांच की मांग उठ रही है।

