हत्या मामले में दोषी बिहार के अमझोर निवासी को उम्रकैद की सजा,
हत्या मामले में दोषी बिहार के अमझोर निवासी को उम्रकैद की सजा
पलामू जिला व्यवहार न्यायालय के जिला व अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश षष्टम अमरेश कुमार की अदालत ने हत्या के मामले में दोषी पाए गए बिहार के रोहतास जिला अंतर्गत अमझोर थाना के चितौली बालपर गांव निवासी भीम खरवार को सश्रम आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। भीम खरवार पर 20 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया गया है। अर्थ दंड की राशि नहीं देने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी। इस केस के दो नामजद प्राथमिक अभियुक्त फरार चल रहे हैं। दोनों के विरुद्ध गिरफ्तारी वारंट निर्गत है। भीम खरवार भी फरार चल रहा था जिसे बाद में पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
मेदिनीनगर शहर थाना क्षेत्र के रेड़मा झरना टोली निवासी लखन खरवार ने भीम खरवार व अन्य दो लोगों के विरुद्ध नामजद प्राथमिकी शहर थाना में कराई थी। शहर थाना कांड संख्या 344/2013, 27 जुलाई 2013 को पंजीकृत की गई थी। सूचक ने प्राथमिकी में कहा था कि 26 जुलाई 2013 की रात करीब 11 बजे भीम खरवार, अन्य अभियुक्त के साथ मिलकर पलामू जिले के मेदिनीनगर सदर थाना क्षेत्र के रेड़मा मोहल्ले में रांची रोड स्थित एक निजी अस्पताल के पास, सूचक लखन खरवार के घर में पुराने दुश्मनी के कारण घुस गए। फिर मुकेंद्र खेरवार ने सूचक का मुंह दबा दिया तथा सुभाष खरवार ने सूचक के मुंह पर टॉर्च जला कर रखा था। दूसरी तरफ भीम खरवार ने छुरा से सूचक के पेट में बाएं तरफ, गला के नीचे, ललाट पर, दाहिना हाथ की कलाई पर एवं ठुड़ी पर वार कर गंभीर रूप से जख्मी कर दिया था। सूचक के चिल्लाने पर जब कुछ लोग पहुंचने लगे तब भीम खरवार व अन्य अभियुक्त भाग निकले। इलाज के दौरान सूचक लखन खरवार की मृत्यु रांची स्थित रिम्स में हो गई थी।
