गिरिडीह के 2,586 बूथों पर 10 अक्टूबर को मेगा हेल्प डेस्क कैंप, 18.37 लाख मतदाताओं की सूची की होगी समीक्षा

गिरिडीह। जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-उपायुक्त रामनिवास यादव की अध्यक्षता में समाहरणालय सभागार में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के जिलाध्यक्षों और सचिवों की बैठक हुई। इसमें मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम (एसआईआर-2026) की संशोधित समय-सारिणी, लंबित नोटिसों के निष्पादन, नए मतदाताओं के पंजीकरण और त्रुटियों के सुधार पर चर्चा की गई। जिले में वर्तमान में 18,37,007 मतदाता पंजीकृत हैं।
निर्वाचन आयोग के संशोधित कार्यक्रम के अनुसार, नो-मैपिंग और तार्किक विसंगतियों से जुड़े नोटिसों का निष्पादन 22 अक्टूबर तक होगा। अन्य निर्धारित मामलों और प्रपत्र-6, 6ए, 7 एवं 8 से संबंधित दावों-आपत्तियों का डिजिटाइजेशन 31 अक्टूबर तक पूरा किया जाएगा। छूटे पात्र नागरिकों के प्रपत्र-6 का घर-घर सत्यापन 1 से 12 नवंबर तक होगा। दावों-आपत्तियों का निष्पादन 23 नवंबर तक और मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन 30 नवंबर को निर्धारित है।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के निर्देश पर 10 अक्टूबर को जिले के सभी छह विधानसभा क्षेत्रों के 2,586 मतदान केंद्रों पर मेगा हेल्प डेस्क कैंप लगाए जाएंगे। कैंप में नए मतदाताओं का पंजीकरण, दस्तावेजों का सत्यापन और मतदाता सूची की त्रुटियों में सुधार होगा। 18 वर्ष या उससे अधिक आयु के अपंजीकृत पात्र नागरिकों से प्रपत्र-6 तथा प्रविष्टियों में सुधार के लिए प्रपत्र-8 लिए जाएंगे।
बैठक में स्पष्ट किया गया कि नोटिस पाने वाले अनमैप्ड और तार्किक विसंगतियों वाले मतदाताओं के दस्तावेज बीएलओ घर जाकर जुटाएंगे। उन्हें सामान्यतः सुनवाई के लिए कार्यालय नहीं बुलाया जाएगा। अनाथ व्यक्तियों, निराश्रित महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों और ट्रांसजेंडर व्यक्तियों के पंजीकरण के लिए 12 से 16 अक्टूबर तक विशेष कैंप होंगे। अधिकारियों से समय-सीमा में लंबित मामलों के निष्पादन और किसी पात्र नागरिक को पंजीकरण से वंचित न रखने पर जोर दिया गया।

You may have missed